आमने-सामने आए दोनों दलों के कार्यकर्ता, बैरिकेड्स पर चढ़े नेता और कार्यकर्ता
भोपाल। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वर्गीय पिता पर दी गई विवादित टिप्पणी को लेकर मध्य प्रदेश की राजनीति में उबाल आ गया है। इस बयान के विरोध में सोमवार को राजधानी भोपाल की सड़कों पर भारतीय जनता पार्टी ने उग्र प्रदर्शन करते हुए प्रदेश कांग्रेस कार्यालय (पीसीसी) का घेराव किया। प्रदर्शनकारियों को रोकने और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को वॉटर कैनन (पानी की बौछार) का प्रयोग करना पड़ा।
घटनाक्रम के अनुसार, भाजपा के सैकड़ों नेता और कार्यकर्ता सोमवार को रेडक्रॉस अस्पताल के पास एकत्र हुए। वहां से वे नारेबाजी करते हुए पैदल मार्च के रूप में कांग्रेस कार्यालय की ओर बढ़े। मार्च जैसे ही शिवाजी नगर चौराहे के समीप पहुँचा, माहौल बेहद तनावपूर्ण हो गया। यहाँ पहले से मौजूद कांग्रेस कार्यकर्ता हाथों में फूल और लाठियां लेकर खड़े थे, जिससे दोनों राजनीतिक दलों के कार्यकर्ता सीधे आमने-सामने आ गए।
बैरिकेड्स पर चढ़े भाजपा विधायक
बढ़ते तनाव को देखते हुए पुलिस ने बैरिकेड्स लगाकर प्रदर्शनकारियों को रोकने का प्रयास किया। इस दौरान हुजूर विधायक रामेश्वर शर्मा और विधायक भगवानदास सबनानी समर्थकों के साथ बैरिकेड्स पर चढ़ गए और जमकर नारेबाजी की। एक तरफ जहाँ भाजपा कार्यकर्ता बैरिकेड्स तोड़कर आगे बढ़ने पर आमादा थे, वहीं दूसरी ओर से कांग्रेस कार्यकर्ता भी विरोध जता रहे थे।
पुलिस ने चलाया वॉटर कैनन
स्थिति को हाथ से निकलता देख मौके पर मौजूद पुलिस बल ने मोर्चा संभाला और बैरिकेड्स पर चढ़े भाजपा कार्यकर्ताओं को पीछे धकेलने के लिए वॉटर कैनन का इस्तेमाल किया। काफी देर तक चले इस ड्रामे और मशक्कत के बाद पुलिस स्थिति को शांत कराने में सफल रही।
क्या था विवाद का कारण?
उल्लेखनीय है कि रविवार को पटना में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पिता को लेकर विवादित टिप्पणी की थी। इसी टिप्पणी से आक्रोशित भाजपा ने सोमवार को राजधानी में विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया था। भाजपा नेताओं ने कांग्रेस शीर्ष नेतृत्व से इस बयान पर सार्वजनिक रूप से माफी मांगने और जवाब देने की मांग की है।